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मैट्रिक परीक्षा के दौरान बदमाशों के गोली चलाने से एक छात्र की मौत, एक घायल

Saransh Kanaujia
Saransh Kanaujia - Editor
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पटना. बिहार के सासाराम में मैट्रिक परीक्षा के दौरान बवाल हो गया। यहां विवाद होने पर बदमाशों ने दो छात्रों को गोली मार दी। इनमें से एक की मौत हो गई, जबकि दूसरे को गंभीर हालत में अस्पताल में भर्ती कराया गया और इलाज किया जा रहा है। छात्रों को गोली लगने के बाद एक छात्र की मौत से गुस्साए ग्रामीणों ने शव को रखकर कोलकाता-बनारस नेशनल हाईवे जाम कर दिया। विरोध कर रहे लोगों ने आगजनी भी की। इससे कई किलोमीटर तक लंबा जाम लग गया। स्थानीय अधिकारियों ने ग्रामीणों समझाया इसके बाद ग्रामीणों ने नेशनल हाईवे का जाम खत्म किया। बताया जा रहा है कि गोलीबारी के बाद दोनों घायल छात्रों को आनन-फानन में अस्पताल लाया गया। इलाज के दौरान एक छात्र ने दम तोड़ दिया, जबकि दूसरे का इलाज सासाराम सदर अस्पताल में जारी है।

अपराधियों को पकड़ने की मांग

घटना से नाराज ग्रामीण विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं और अपराधियों की जल्द गिरफ्तारी की मांग कर रहे हैं। हालात को नियंत्रित करने के लिए भारी संख्या में पुलिस बल तैनात किया गया है। बदमाशों ने छात्रों पर उश समय हमला किया, जब वे परीक्षा देकर लौट रहे थे। पुलिस इस मामले में जांच कर रही है और आरोपियों तक पहुंचने की कोशिश कर रही है। इस मामले में एक आरोपी को पकड़ा गया है। बताया जा रहा है कि परीक्षा के दौरान एक छात्र ने नकल कराने से मना कर दिया था। इसी वजह से विवाद हुआ था और परीक्षा से लौटते समय बदमाशों ने दो छात्रों को गोली मार दी।

बिहार में मैट्रिक परीक्षा

बिहार में मैट्रिक परीक्षा की शुरुआत 17 फरवरी से हुई है। यहां 25 फरवरी तक परीक्षा का आयोजन होगा। इस परीक्षा में 15 लाख से अधिक छात्र भाग ले रहे हैं। मैट्रिक परीक्षा से पहले बीपीएससी परीक्षा में बवाल हुआ था। इस परीक्षआ में अनियमितता को लेकर अभ्यर्थी प्रदर्शन कर रहे हैं और बीपीएससी 70वीं पीटी परीक्षा रद्द कराने की मांग कर रहे हैं।

साभार : इंडिया टीवी

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लेखक वर्ष 2011 से पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं। अब तक वे इतिहास से जुड़ी चार पुस्तकों का लेखन कर चुके हैं—‘भारत : 1857 से 1957 इतिहास पर एक दृष्टि’, ‘भारत : 1885 से 1950 इतिहास पर एक दृष्टि’, ‘गाँधी जी की राजनीतिक यात्रा के कुछ पन्ने’ और ‘1857 का स्वतंत्रता समर – कारण से परिणाम तक’। पत्रकारिता के क्षेत्र में वे विशेष रूप से राजनीति, अर्थव्यवस्था, सामाजिक विषयों और आध्यात्म से जुड़े समाचारों एवं विषयों पर लेखन करते रहे हैं। वर्षों के पत्रकारिता अनुभव और विभिन्न विषयों पर निरंतर लेखन के माध्यम से उन्होंने समसामयिक घटनाओं के साथ-साथ ऐतिहासिक, सामाजिक और आध्यात्मिक विषयों को भी पाठकों तक पहुँचाने का प्रयास किया है।