गुरुवार, अगस्त 13 2026 | 12:42:00 AM
Breaking News
Home / राष्ट्रीय / NEET-PG State Quota Counselling 2026: Domicile, MBBS राज्य और आरक्षण नियमों का पूरा सच

NEET-PG State Quota Counselling 2026: Domicile, MBBS राज्य और आरक्षण नियमों का पूरा सच

Follow us on:

एक मेडिकल छात्रा की क्लोज़-अप तस्वीर, जो हाथ में NEET-PG प्रवेश पत्र और पेन पकड़े हुए है। पृष्ठभूमि में सुप्रीम कोर्ट की इमारत और एक सांकेतिक नक्शा धुंधला (blurred) दिखाई दे रहा है, जिस पर 'डोमिसाइल' (Domicile) और 'राज्य कोटा' (State Quota) के टेक्स्ट ओवरले हैं।
नई दिल्ली । बुधवार, 12 अगस्त 2026
NEET-PG 2026 की परीक्षा राष्ट्रीय स्तर पर आयोजित होने के बावजूद State Quota की सीटों के प्रवेश को लेकर मेडिकल अभ्यर्थियों में भ्रम की स्थिति बनी हुई है। सर्वोच्च न्यायालय (Supreme Court) के जनवरी 2025 के ऐतिहासिक आदेश के बाद यह उम्मीद जताई जा रही थी कि देश भर में स्नातकोत्तर (MD/MS/MDS) चिकित्सा सीटों पर दाखिले के लिए नियम एक समान होंगे, लेकिन व्यावहारिक धरातल पर विभिन्न राज्यों के स्टेट काउंसलिंग अथॉरिटी (State Counselling Authorities) के नियमों में अंतर अब भी बरकरार है।
यदि आप भी NEET-PG 2026 की काउंसलिंग में शामिल होने जा रहे हैं, तो Domicile (मूल निवास), MBBS राज्य और State-Specific Reservation (राज्य-विशिष्ट आरक्षण) से जुड़े सभी कानूनी व प्रशासनिक नियमों को स्पष्ट रूप से समझना आपके लिए अत्यंत आवश्यक है।

1. Domicile बनाम Institutional Preference: क्या है मुख्य अंतर?

NEET-PG की कुल 100% सीटों को मुख्य रूप से दो भागों में विभाजित किया जाता है:
  • 50% All India Quota (AIQ): इसकी काउंसलिंग MCC (Medical Counselling Committee) द्वारा की जाती है और इसमें केवल मेधा (Merit) के आधार पर पूरे भारत के छात्र सीट पा सकते हैं।
  • 50% State Quota: इसकी काउंसलिंग संबंधित राज्यों के चिकित्सा शिक्षा विभागों द्वारा आयोजित की जाती है।

Institutional Preference (संस्थागत प्राथमिकता)

अधिकांश राज्यों में व्यवस्था है कि यदि आपने उस राज्य के किसी मेडिकल कॉलेज से अपना MBBS पूरा किया है, तो आप उस राज्य की 50% स्टेट कोटा सीटों के लिए पात्र (Eligible) माने जाते हैं। कानूनी भाषा में इसे Institutional Preference कहा जाता है, जिसे अदालतों ने संविधान के दायरे में वैध ठहराया है।

State Domicile (मूल निवास नियम)

कई राज्य अपने यहाँ के मूल निवासियों (जिनके पास राज्य का Domicile certificate है) को स्टेट कोटा की सीटों पर प्राथमिकता देते हैं, भले ही उन्होंने MBBS किसी अन्य राज्य से किया हो।
ध्यान दें: सर्वोच्च न्यायालय ने स्पष्ट किया है कि केवल 100% निवास या डोमिसाइल के आधार पर राष्ट्रीय स्तर पर मेरिट में आए डॉक्टरों को PG दाखिले से बाहर रखना अनुच्छेद 14 (समता का अधिकार) के सिद्धांतों के खिलाफ है।

2. State-Specific Reservation: राजस्थान हाई कोर्ट का फैसला

राजस्थान में सामने आए न्यायिक विवाद ने यह स्पष्ट कर दिया कि Domicile और Caste-based Reservation दो अलग-अलग पहलू हैं:
  1. आरक्षण का राज्य-विशिष्ट दायरा: यदि कोई उम्मीदवार किसी राज्य में SC/ST/OBC/EWS श्रेणी के अंतर्गत आता है, तो वह किसी दूसरे राज्य की State Quota काउंसलिंग में अपनी आरक्षित श्रेणी का दावा नहीं कर सकता।
  2. General Category में दावेदारी: अन्य राज्य के उम्मीदवार को काउंसलिंग में General/Unreserved श्रेणी के तहत ही माना जाएगा।
  3. स्थानीय सूची का नियम: आरक्षण का लाभ उठाने के लिए उम्मीदवार की जाति का उस विशिष्ट राज्य की अधिसूचित आरक्षण सूची में होना अनिवार्य है।

3. प्रमुख राज्यों में पात्रता नियमों की तुलना

राज्य (State) MBBS करने वालों के लिए राज्य के Domicile उम्मीदवारों के लिए अन्य राज्य के छात्रों के लिए
राजस्थान राज्य के कॉलेजों से MBBS छात्र 50% कोटा हेतु पात्र हैं। केवल Domicile धारक जिन्होंने बाहर से MBBS किया है, विशेष शर्तों पर पात्र हैं। केवल Unreserved श्रेणी में प्राइवेट/डीम्ड सीटों के लिए पात्र।
उत्तर प्रदेश UP के सरकारी कॉलेजों से MBBS करने वाले छात्र पात्र हैं। UP के Domicile छात्र जिन्होंने बाहर से MBBS किया है, भी पात्र हैं। सरकारी सीटों के लिए अपात्र; केवल निजी कॉलेजों हेतु पात्र।
महाराष्ट्र महाराष्ट्र के कॉलेजों से MBBS छात्र पात्र हैं। केवल महाराष्ट्र Domicile धारक छात्र पात्र हैं। स्टेट कोटा सरकारी सीटों हेतु अपात्र।

4. अभ्यर्थियों के लिए 5-स्तरीय चेकलिस्ट

यदि आप NEET-PG स्टेट कोटा काउंसलिंग के लिए आवेदन कर रहे हैं, तो फॉर्म भरने से पहले इन पाँच बातों को अवश्य सत्यापित करें:
  1. MBBS का राज्य: देखें कि आपका कॉलेज किस राज्य के Institutional Preference कोटा के तहत आता है।
  2. Domicile Certificate: आपके पास जिस राज्य का सक्षम प्राधिकारी द्वारा जारी मूल निवास प्रमाण पत्र है, उस राज्य के विशेष Domicile नियमों को जांचें।
  3. Caste/Category Validity: सुनिश्चित करें कि आपका Caste/EWS Certificate उसी राज्य से जारी हुआ है जहाँ आप आरक्षित सीट का दावा कर रहे हैं।
  4. Service Bond conditions: कई राज्यों में PG पूरा करने के बाद 2 से 5 वर्ष की ग्रामीण या सरकारी सेवा का अनिवार्य बॉन्ड होता है।
  5. NMC & MCC Prospectus: काउंसलिंग शुरू होने से पूर्व MCC की आधिकारिक वेबसाइट और संबंधित राज्य के DGE (Directorate of Medical Education) के ब्रॉशर को पूरा पढ़ें।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQ)

Q1: क्या मैं एक साथ दो राज्यों की State Quota Counselling में भाग ले सकता हूँ?
उत्तर: यदि आप एक राज्य से MBBS पूरा कर चुके हैं और दूसरे राज्य के मूल निवासी (Domicile) हैं, तो आप दोनों राज्यों के नियमों के तहत पात्र हो सकते हैं। हालाँकि, ऑलॉटमेंट के समय आपको किसी एक राज्य की सीट को ही चुनना होगा।
Q2: क्या दूसरे राज्य का उम्मीदवार किसी अन्य राज्य के सरकारी मेडिकल कॉलेज की State Quota सीट पा सकता है?
उत्तर: नहीं, सरकारी कॉलेजों की 50% स्टेट कोटा सीटें आमतौर पर संबंधित राज्य के Domicile या वहां से MBBS करने वाले छात्रों के लिए सुरक्षित होती हैं। बाहरी छात्र केवल 50% All India Quota (AIQ) के माध्यम से सरकारी सीट पा सकते हैं।
Q3: Supreme Court का 2025 का आदेश क्या पूरी तरह लागू हो चुका है?
उत्तर: सर्वोच्च न्यायालय ने नीतिगत दिशा-निर्देश दिए हैं, लेकिन जब तक NMC और केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय द्वारा एक एकीकृत काउंसलिंग नियमावली लागू नहीं की जाती, तब तक राज्य अपने प्रशासनिक नियमों के आधार पर प्रक्रिया संचालित कर रहे हैं।

अस्वीकरण (Disclaimer)

यह लेख केवल सूचनात्मक और शैक्षणिक उद्देश्यों के लिए तैयार किया गया है। NEET-PG 2026 की काउंसलिंग प्रक्रिया, पात्रता मापदंड (Eligibility Criteria) और आरक्षण संबंधी नियमों के लिए अभ्यर्थियों को हमेशा संबंधित राज्य की अधिकृत काउंसलिंग अथॉरिटी, MCC तथा NMC की आधिकारिक वेबसाइटों पर जारी सूचना बुलेटिन (Information Bulletin) का ही अवलोकन करना चाहिए।
मित्रों,
मातृभूमि समाचार का उद्देश्य मीडिया जगत का ऐसा उपकरण बनाना है, जिसके माध्यम से हम व्यवसायिक मीडिया जगत और पत्रकारिता के सिद्धांतों में समन्वय स्थापित कर सकें। इस उद्देश्य की पूर्ति के लिए हमें आपका सहयोग चाहिए है। कृपया इस हेतु हमें दान देकर सहयोग प्रदान करने की कृपा करें। हमें दान करने के लिए निम्न लिंक पर क्लिक करें -- Click Here


* 1 माह के लिए Rs 1000.00 / 1 वर्ष के लिए Rs 10,000.00

Contact us

Check Also

पाकिस्तान अधिकृत जम्मू कश्मीर (PoJK) में नागरिक और मानवाधिकारों के लिए पाकिस्तान सरकार के खिलाफ नारे लगाते और तख्तियां दिखाते प्रदर्शनकारियों की भीड़।

PoJK में मानवाधिकार उल्लंघनों पर भारत सख्त: वैश्विक समुदाय से की पाकिस्तान की जवाबदेही तय करने की मांग

नई दिल्ली | बुधवार, 12 अगस्त 2026 पाकिस्तान के कब्जे वाले जम्मू-कश्मीर (PoJK) में नागरिकों …