कोलकाता: पश्चिम बंगाल की राजनीति में आज उस समय भूचाल आ गया जब भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने आगामी विधानसभा चुनाव के लिए 144 उम्मीदवारों की अपनी पहली सूची जारी कर दी। इस सूची में सबसे चौंकाने वाला और साहसिक फैसला सुवेंदु अधिकारी को लेकर लिया गया है। भाजपा ने सुवेंदु को मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के राजनीतिक गढ़ भवानीपुर से चुनावी मैदान में उतारकर मुकाबले को बेहद दिलचस्प बना दिया है।
सुवेंदु अधिकारी: ‘नंदीग्राम के नायक’ अब भवानीपुर में देंगे चुनौती
राजनीतिक गलियारों में इस बात की चर्चा तेज है कि क्या सुवेंदु अधिकारी 2021 के ‘नंदीग्राम संग्राम’ के इतिहास को भवानीपुर में दोहरा पाएंगे? भाजपा ने साफ कर दिया है कि वह इस बार रक्षात्मक नहीं, बल्कि आक्रामक मोड़ में है। सुवेंदु अधिकारी ने टिकट मिलने के बाद मीडिया से कहा:
“यह लड़ाई बंगाल की अस्मिता और तुष्टीकरण के खिलाफ है। भवानीपुर की जनता इस बार बदलाव के लिए तैयार है।”
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भाजपा की पहली सूची की 5 बड़ी बातें:
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दोहरी चुनौती: सुवेंदु अधिकारी न केवल भवानीपुर से चुनाव लड़ेंगे, बल्कि अपनी वर्तमान सीट नंदीग्राम से भी ताल ठोकेंगे।
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पुराने दिग्गजों पर दांव: पूर्व प्रदेश अध्यक्ष दिलीप घोष को एक बार फिर उनकी पुरानी सीट खड़गपुर सदर से मैदान में उतारा गया है।
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युवा और अनुभवी चेहरों का मिश्रण: सिलीगुड़ी से शंकर घोष और आसनसोल दक्षिण से अग्निमित्रा पॉल को दोबारा टिकट देकर पार्टी ने अपने मौजूदा कैडर को मजबूत संदेश दिया है।
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मतदान की तारीखें: चुनाव आयोग के अनुसार, बंगाल में वोटिंग 23 अप्रैल और 29 अप्रैल को होगी, जबकि नतीजे 4 मई 2026 को घोषित किए जाएंगे।
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महिला उम्मीदवारों की उपस्थिति: पहली सूची में 11 महिलाओं को जगह मिली है, जिसमें टॉलीवुड के कुछ चर्चित चेहरे भी शामिल होने की संभावना है।
उम्मीदवारों की पूरी सूची: matribhumisamachar.com/west-bengal-bjp-candidate-list-pdf
क्या है भाजपा का ‘मिशन 144’?
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि भाजपा ने अपनी पहली लिस्ट में उन सीटों पर ध्यान केंद्रित किया है जहाँ उनका संगठन मजबूत है। 144 सीटों पर उम्मीदवारों का एलान करके भाजपा ने तृणमूल कांग्रेस (TMC) पर मनोवैज्ञानिक बढ़त बनाने की कोशिश की है।
दूसरी ओर, तृणमूल कांग्रेस ने इस लिस्ट पर तंज कसते हुए कहा है कि भाजपा के पास नए चेहरों की कमी है, इसलिए वे हार चुके चेहरों पर दोबारा दांव लगा रहे हैं। भवानीपुर में ममता बनर्जी का प्रभाव काफी गहरा है, ऐसे में सुवेंदु के लिए यह सफर आसान नहीं होने वाला।
चुनावी विश्लेषण: matribhumisamachar.com/opinion/suvendu-vs-mamata-bhawanipur-battle
सोशल मीडिया पर ‘भवानीपुर’ ट्रेंडिंग
सूची जारी होने के चंद घंटों के भीतर ही सोशल मीडिया पर #BengalElection2026 और #SuvenduAdhikari ट्रेंड करने लगा है। बंगाल की जनता अब यह देखने को उत्सुक है कि क्या इस ‘पावर गेम’ में सुवेंदु अधिकारी वाकई ‘जायंट किलर’ साबित होंगे या ममता बनर्जी अपनी साख बचाने में कामयाब रहेंगी।
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