कानपुर । रविवार, 17 मई 2026
उत्तर प्रदेश के प्रमुख औद्योगिक और व्यापारिक केंद्र कानपुर की चकरपुर गल्ला मंडी में इन दिनों खाद्यान्न की कीमतों में काफी हलचल देखने को मिल रही है। मंडी से प्राप्त ताजा रिपोर्ट के अनुसार, बाजार में गेहूं की मांग काफी मजबूत बनी हुई है, जिसके कारण इसके थोक दाम ऊंचे स्तर पर टिके हैं। वहीं दूसरी ओर, दलहन बाजार में अरहर (तुअर) की दाल ने अपनी कीमतों से सबको चौंका दिया है। अरहर की मांग अचानक बढ़ने से इसके भाव आसमान छू रहे हैं, जिससे व्यापारी और आम उपभोक्ता दोनों की नजरें लगातार बाजार पर टिकी हुई हैं।
मंडी विशेषज्ञों और व्यापारियों का कहना है कि वर्तमान में कई फसलों के दाम आवक (Supply) और मांग (Demand) के बीच सही संतुलन होने के कारण स्थिर हैं, लेकिन अरहर वर्ग में यह संतुलन बदल गया है।
? अनाज और खाद्यान्न के थोक भाव (प्रति क्विंटल)
कानपुर मंडी में गेहूं की मिल क्वालिटी और प्रीमियम वैरायटी दोनों में ही अच्छी ग्राहकी देखी जा रही है। गेहूं का औसत भाव ₹2,300 से लेकर ₹2,850 प्रति क्विंटल के बीच बना हुआ है।
नीचे मंडी के ताजा भावों की विस्तृत सूची दी गई है:
गेहूं (दड़ा / मिल क्वालिटी): ₹2,300 — ₹2,625
गेहूं (फार्म / प्रीमियम वैरायटी): ₹2,700 — ₹2,850
धान (सामान्य): ₹1,850 — ₹1,900
चावल (अरवा): ₹2,800 — ₹4,000
बासमती चावल (नंबर-1): ₹10,500 — ₹11,000
मक्का: ₹1,700 — ₹2,200
जौ / ज्वार / बाजरा: ₹1,900 — ₹2,350
? दलहन बाजार में भारी तेजी: अरहर दाल सबसे आगे
इस समय कानपुर के दलहन बाजार में सबसे ज्यादा चर्चा अरहर की कीमतों को लेकर है। मांग में आई अचानक तेजी के कारण अरहर दाल (फूल) का भाव ₹12,400 प्रति क्विंटल के स्तर तक जा पहुंचा है। चने और मसूर में भी सीमित दायरे में कारोबार हो रहा है।
अरहर दाल (फूल): ₹12,300 — ₹12,400
अरहर दाल (स्पेशल): ₹9,200 — ₹9,300
साबुत अरहर: ₹7,000 — ₹7,500
चना (साबुत): ₹5,200 — ₹6,510
मसूर (साबुत): ₹5,650 — ₹5,850
मटर (साबुत): ₹3,800 — ₹3,900
?️ तेल-तिलहन बाजार का हाल
सरसों और अलसी के बाजारों में फिलहाल स्थिरता का माहौल देखा जा रहा है। नई फसल की आवक के बीच कीमतें एक सीमित दायरे में बनी हुई हैं।
लाही / सरसों: ₹6,500 — ₹7,000
अलसी: ₹6,000 — ₹7,000
? बाजार के आगामी रुझान
मंडी विशेषज्ञों का विश्लेषण है कि आने वाले दिनों में कीमतों का रुख पूरी तरह से तीन मुख्य कारकों पर निर्भर करेगा:
स्थानीय आवक (Local Inflow): यदि ग्रामीण क्षेत्रों से मंडी में फसलों की आवक बढ़ती है, तो कीमतों में हल्की नरमी आ सकती है।
मौसम की स्थिति (Weather Conditions): प्री-मानसून की गतिविधियां और मौसम में बदलाव का असर सीधे तौर पर भंडारण और परिवहन पर पड़ता है, जिससे कीमतों में उतार-चढ़ाव संभव है।
मांग में बदलाव: यदि त्योहारों या शादियों के सीजन के कारण मांग और बढ़ती है, तो अरहर और प्रीमियम चावल जैसी जिंसों में और तेजी देखी जा सकती है।
नोट: अनाज मंडियों में व्यापार पूरी तरह से दैनिक मांग और आपूर्ति पर आधारित होता है, इसलिए प्रति क्विंटल कीमतों में रोजाना आंशिक बदलाव होना स्वाभाविक है।

