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जयपुर की सड़कों पर तलवारें लहराकर हुड़दंग: पुलिस की बड़ी कार्रवाई, 8 से बढ़कर 13 हुई गिरफ्तारी

Saransh Kanaujia
Saransh Kanaujia - Editor
3 Min Read

जयपुर । बुधवार, 22 अप्रैल 2026

राजधानी जयपुर के गलता गेट थाना क्षेत्र में रविवार रात (19 अप्रैल 2026) को हुए हुड़दंग के मामले में पुलिस ने अपनी कार्रवाई तेज कर दी है। पहले जहाँ 8 आरोपियों की गिरफ्तारी की खबर थी, वहीं नवीनतम रिपोर्टों के अनुसार अब तक कुल 13 आरोपियों को दबोचा जा चुका है।

क्या थी पूरी घटना?

रविवार की रात करीब 10:15 बजे, 20 से अधिक बाइकों पर सवार लगभग 40-50 युवकों का एक झुंड दिल्ली बाईपास हाईवे पर निकला। ये युवक न केवल खतरनाक स्टंट कर रहे थे, बल्कि हाथों में तलवारें और डंडे लहराकर राहगीरों को डरा रहे थे। इस पूरी घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर मंगलवार को तेजी से वायरल हुआ, जिसके बाद जयपुर पुलिस (उत्तर) हरकत में आई।

पुलिस की कार्रवाई और पहचान

DCP (North) करण शर्मा ने इस मामले के लिए विशेष टीमों का गठन किया। पुलिस ने हाईवे पर लगे 25-30 CCTV कैमरों की फुटेज खंगाली और मुखबिरों की सहायता से आरोपियों की पहचान की।

गिरफ्तार किए गए मुख्य आरोपी:

  • फरहान (24)

  • असगर अली (33)

  • मोहम्मद अजीम (32)

  • अजरूद्दीन उर्फ अज्जू (28)

  • सलीम कुरैशी (35)

  • तौसिफ खान (26)

  • जिशान खान (20)

  • साहिल (जिसे मुख्य रूप से तलवार लहराते देखा गया और Arms Act के तहत बुक किया गया)

जब्ती: पुलिस ने घटना में इस्तेमाल की गई 4 मोटरसाइकिलें भी जब्त कर ली हैं।

जयपुर अपराध समाचार – मातृभूमि समाचार

जांच में बड़ा खुलासा (सुधार)

शुरुआती जानकारी में इसे केवल हुड़दंग माना जा रहा था, लेकिन पूछताछ में सामने आया कि ये युवक आंधी स्थित एक दरगाह से लौट रहे थे और लौटते समय “दहशत” और “टशन” दिखाने के लिए उन्होंने इस तरह की हरकत की।

कानूनी परिणाम

इन सभी आरोपियों पर भारतीय न्याय संहिता (BNSS) की संबंधित धाराओं और आर्म्स एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज किया गया है। जयपुर पुलिस ने चेतावनी दी है कि सोशल मीडिया पर रील बनाने या लोगों को डराने के उद्देश्य से किया गया कोई भी गैर-कानूनी कृत्य बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।

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लेखक वर्ष 2011 से पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं। अब तक वे इतिहास से जुड़ी चार पुस्तकों का लेखन कर चुके हैं—‘भारत : 1857 से 1957 इतिहास पर एक दृष्टि’, ‘भारत : 1885 से 1950 इतिहास पर एक दृष्टि’, ‘गाँधी जी की राजनीतिक यात्रा के कुछ पन्ने’ और ‘1857 का स्वतंत्रता समर – कारण से परिणाम तक’। पत्रकारिता के क्षेत्र में वे विशेष रूप से राजनीति, अर्थव्यवस्था, सामाजिक विषयों और आध्यात्म से जुड़े समाचारों एवं विषयों पर लेखन करते रहे हैं। वर्षों के पत्रकारिता अनुभव और विभिन्न विषयों पर निरंतर लेखन के माध्यम से उन्होंने समसामयिक घटनाओं के साथ-साथ ऐतिहासिक, सामाजिक और आध्यात्मिक विषयों को भी पाठकों तक पहुँचाने का प्रयास किया है।