शुक्रवार, जनवरी 16 2026 | 06:04:19 PM
Breaking News
Home / अंतर्राष्ट्रीय / भारतीय मंडप ने मिशन लाइफ को वैश्विक पटल पर प्रस्तुत किया

भारतीय मंडप ने मिशन लाइफ को वैश्विक पटल पर प्रस्तुत किया

Follow us on:

नई दिल्ली (मा.स.स.). भारत ने शर्म-अल-शेख में आयोजित होने वाले कॉप-27 में लाइफ-लाइफस्टाइल ऑफ एनवॉयरेनमेंट विषयक मंडप की व्यवस्था की थी। मंडप को इस तरह तैयार किया गया था कि विभिन्न श्रव्य-दृश्य, लोगो, 3डी मॉडलों, सेट-अप, सजावट और सहायक कार्यक्रमो के जरिये ‘लाइफ’ का संदेश दिया जा सके।

कॉप-27 के दौरान मंडप में विभिन्न कार्यक्रमों का आयोजन किया गया। आयोजकों ने कॉप-27 के दौरान जो कार्यक्रम आयोजित किये थे, उनमें केंद्रीय मंत्रालयों, राज्य सरकारों, सावर्जनिक क्षेत्र के उपक्रमों, स्वायत्तशासी निकायों/अधीनस्थ संगठनों, थिंक-टैंकों और संयुक्त राष्ट्र संगठनों ने हिस्सा लिया था। मंडप में 49 कार्यक्रम आयोजित किये गये, जिनमें से 16 कार्यक्रमों का आयोजन केंद्र सरकार ने और 10 कार्यक्रमों का आयोजन राज्य सरकारों ने किया था। मंडप में 23 निजी सेक्टर कार्यक्रम भी हुये।

मंडप का उद्घाटन पर्यावरण, वन और जलवायु मंत्री ने छह नवंबर को किया था। इसके बाद के कार्यक्रमों का आयोजन यूएनडीपी और यूनीसेफ ने किया था, जिसमें कॉप-27 युवा स्कॉलर पुरस्कार वितरित किये गये। ये पुरस्कार चार युवा स्कॉलरों को दिया गया, जिन्हें कड़ी प्रक्रिया के बाद चुना गया था। इसके बाद 14 नवंबर ‘लाइफ’ सम्बंधी कार्यक्रमों का दिन रहा, जिनका आयोजन भारतीय मंडप में हुआ। उसी दिन जो अन्य कार्यक्रम हुये, उनमें पर्यावरण अनुकूल और सतत जीवन-शैली के प्रचार के लिये युवाओं व बच्चों को प्रोत्साहित किया गया।

पर्यावरण, वन और जलवायु परिवर्तन मंत्री भूपेन्द्र यादव ने 14 नवंबर को भारतीय मंडप में भारत की दीर्घकालिक निम्न-उत्सर्जन विकास रणनीति (एलटी-लेड्स) की शुरूआत की। यादव ने भारतीय मंडप से ही लीड-आईटी शिखर बैठक वक्तव्य के साथ लाइफ “प्रयास से प्रभाव तक” सार-संग्रह भी जारी किया। पर्यावरण, वन और जलवायु परिवर्तन मंत्रालय की सचिव लीना नंदन ने भी भारतीय मंडप में होने वाले कार्यक्रमों में हिस्सा लिया। इन कार्यक्रमों में प्रौद्योगिकी आवश्यकता मूल्यांकन पर डीएसटी का तथा टेरी के संयोजन एवं संयोजन तत्परता पर दीर्घकालिक रणनीति विषयक कार्यक्रम शामिल रहे। इन कार्यक्रमों में 12 दिनों के दौरान लगभग 2000 लोगों ने हिस्सा लिया।

मंडप में लगभग 25,000 कॉप प्रतिभागियों ने दौरा किया। भारतीय मंडप ने जलवायु परिवर्तन पर भारत की उपलब्धियों को दर्शाया, जिसमें प्रौद्योगिकी के साथ-साथ भारतीय संस्कृति, वस्त्र और खान-पान को भी शामिल किया गया था। इन सबके प्रति लोगों में बहुत उत्साह देखा गया। मंडप में ब्लॉक प्रिंटिंग भी दर्शायी गई थी। कॉप में हिस्सा लेने वाले युवा प्रतिभागियों ने इसके प्रति विशेष रुचि दिखाई। मंडप ने प्रदर्शनी, गतिविधियों और मेहमानों को लाइफ बैजों व पुस्तिकाओं के वितरण द्वारा ‘लाइफ’ का संदेश प्रसारित किया।

मित्रों,
मातृभूमि समाचार का उद्देश्य मीडिया जगत का ऐसा उपकरण बनाना है, जिसके माध्यम से हम व्यवसायिक मीडिया जगत और पत्रकारिता के सिद्धांतों में समन्वय स्थापित कर सकें। इस उद्देश्य की पूर्ति के लिए हमें आपका सहयोग चाहिए है। कृपया इस हेतु हमें दान देकर सहयोग प्रदान करने की कृपा करें। हमें दान करने के लिए निम्न लिंक पर क्लिक करें -- Click Here


* 1 माह के लिए Rs 1000.00 / 1 वर्ष के लिए Rs 10,000.00

Contact us

Check Also

ईरान एयरस्पेस बंद: एअर इंडिया और इंडिगो की उड़ानें प्रभावित, यात्रियों के लिए नई गाइडलाइन जारी

मुंबई. मध्य-पूर्व (West Asia) में युद्ध की आहट और ईरान के भीतर जारी विरोध प्रदर्शनों …