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महाराष्ट्र सरकार ने सांगली के इस्लामपुर का नाम ईश्वरपुर किया

Saransh Kanaujia
Saransh Kanaujia - Editor
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मुंबई. महाराष्ट्र में सांगली जिले के इस्लामपुर का नाम बदलकर ईश्वरपुर कर दिया गया है। महाराष्ट्र सरकार ने शुक्रवार को घोषणा की कि सांगली जिले के इस्लामपुर का नाम बदलकर ईश्वरपुर किया जा रहा है। एलान राज्य विधानसभा में मानसून सत्र के अंतिम दिन की गई। खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति मंत्री छगन भुजबल ने विधानसभा को बताया कि गुरुवार को हुई कैबिनेट बैठक में यह निर्णय लिया गया। राज्य सरकार कैबिनेट के फैसले को मंजूरी के लिए केंद्र को भेजेगी।

यह कदम हिंदूवादी संगठन शिव प्रतिष्ठान द्वारा सांगली कलेक्टरेट को एक ज्ञापन भेजकर इस्लामपुर का नाम बदलकर ईश्वरपुर करने की मांग के बाद उठाया गया है। शिव प्रतिष्ठान के अध्यक्ष संभाजी भिड़े हैं। उनके समर्थकों का कहना है कि जब तक यह मांग पूरी नहीं हो जाती, वे चैन से नहीं बैठेंगे। इस्लामपुर के एक शिवसेना नेता ने कहा कि नाम बदलने की मांग 1986 से लंबित है।

इससे पहले मध्य महाराष्ट्र में स्थित उस्मानाबाद रेलवे स्टेशन का नाम आधिकारिक रूप से बदलकर ‘धाराशिव’ कर दिया गया था। पहले यह स्टेशन उस्मानाबाद नाम से जाना जाता था और इसका स्टेशन कोड यूएमडी था। इसका नया नाम धाराशिव कर दिया गया है और नया स्टेशन कोड डीआरएसवी निर्धारित किया गया है। गौरतलब है कि उस्मानाबाद (या उस्मानाबाद) का नाम 20वीं सदी में हैदराबाद रियासत के एक शासक के नाम पर रखा गया था। वहीं ‘धाराशिव’ नाम उस क्षेत्र में स्थित 8वीं सदी की गुफा परिसरों से लिया गया है, जो ऐतिहासिक और सांस्कृतिक महत्व रखते हैं।

साभार : अमर उजाला

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लेखक वर्ष 2011 से पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं। अब तक वे इतिहास से जुड़ी चार पुस्तकों का लेखन कर चुके हैं—‘भारत : 1857 से 1957 इतिहास पर एक दृष्टि’, ‘भारत : 1885 से 1950 इतिहास पर एक दृष्टि’, ‘गाँधी जी की राजनीतिक यात्रा के कुछ पन्ने’ और ‘1857 का स्वतंत्रता समर – कारण से परिणाम तक’। पत्रकारिता के क्षेत्र में वे विशेष रूप से राजनीति, अर्थव्यवस्था, सामाजिक विषयों और आध्यात्म से जुड़े समाचारों एवं विषयों पर लेखन करते रहे हैं। वर्षों के पत्रकारिता अनुभव और विभिन्न विषयों पर निरंतर लेखन के माध्यम से उन्होंने समसामयिक घटनाओं के साथ-साथ ऐतिहासिक, सामाजिक और आध्यात्मिक विषयों को भी पाठकों तक पहुँचाने का प्रयास किया है।