रविवार, जुलाई 12 2026 | 04:57:14 AM
Breaking News
Home / मनोरंजन / अभिनेता अच्युत पोतदार का 91 वर्ष की आयु में अस्पताल में निधन

अभिनेता अच्युत पोतदार का 91 वर्ष की आयु में अस्पताल में निधन

Follow us on:

मुंबई. 3 इडियट्स में एक सख्त प्रोफेसर की यादगार भूमिका के लिए मशहूर हुए दिग्गज अभिनेता अच्युत पोतदार का सोमवार, 18 अगस्त, 2025 को निधन हो गया. वह 91 वर्ष के थे. अभिनेता ने ठाणे के जुपिटर अस्पताल में अंतिम सांस ली. उन्हें हेल्थ रिलेटेड इश्यू के चलते अस्पताल में भर्ती कराया गया था. उनके निधन का सही कारण अभी तक सामने नहीं आया है. उनका अंतिम संस्कार 19 अगस्त को ठाणे में होगा. वहीं दिग्गज अभिनेता के निधन से मराठी सिनेमा जगत से लेकर टीवी और बॉलीवुड में भी मातम पसर गया है.

इंडियन आर्मी से एक्टिंग की दुनिया में कमाया नाम

सिनेमा में अपनी पहचान बनाने से पहले, अच्युत पोतदार भारतीय सशस्त्र बलों में कार्यरत थे और बाद में उन्होंने इंडियन ऑयल कंपनी में भी काम किया. अभिनय के प्रति उनके जुनून ने उन्हें 1980 के दशक में फिल्मों और टेलीविजन में एंट्री दिलाई और यहां उनका चार दशकों से भी ज़्यादा लंबा करियर रहा.

हिंदी और मराठी की 125 से ज्यादा फिल्मों में किया काम

पोतदार ने हिंदी और मराठी सिनेमा में 125 से अधिक फिल्मों में अभिनय किया. उनकी फिल्मोग्राफी में आक्रोश, अल्बर्ट पिंटो को गुस्सा क्यों आता है, अर्ध सत्य, तेजाब, परिंदा, राजू बन गया जेंटलमैन, दिलवाले, रंगीला, वास्तव, हम साथ साथ हैं, परिणीता, लगे रहो मुन्ना भाई, दबंग 2 और वेंटिलेटर जैसी क्रिटिक्स द्वारा सराही गई और कमर्शियली सक्सेसफुल फिल्में शामिल हैं.

3 इडियट्स से हुए मशहूर

राजकुमार हिरानी की ब्लॉकबस्टर फिल्म 3 इडियट्स में एक सख्त लेकिन प्यारे इंजीनियरिंग प्रोफेसर की भूमिका निभाकर वह घर-घर में मशहूर हो गए. उनका डायलॉग कहना क्या चाहते हो सोशल मीडिया पर बहुत फेमस है .जो आज भी सोशल मीडिया और मीम्स में खूब इस्तेमाल होता है.

छोटे पर्दे पर भी खूब किया काम

फिल्मों के अलावा, पोतदार ने टेलीविजन पर भी खूब काम किया. वह ‘वागले की दुनिया’, ‘माझा होशिल ना’, ‘मिसेज तेंदुलकर’ और ‘भारत की खोज’ जैसे फेमस शो में दिखाई दिए. उनकी बहुमुखी प्रतिभा ने उन्हें मंच, टीवी और सिनेमा के बीच सहजता से आगे बढ़ने में मदद की, जिससे उन्हें पूरी इंडस्ट्री काफी  सम्मान मिला.

फैंस और साथी कलाकार दे रहे श्रद्धांजलि

उनके निधन की खबर से सोशल मीडिया पर शोक की लहर दौड़ गई है. फैंस और इंडस्ट्री के साथी अभिनेता को उनके निधन पर सोशल मीडिया पर श्रद्धांजलि दे रहे हैं और एक विनम्र, समर्पित कलाकार के रूप में याद कर रहे हैं. यकीननअच्युत पोतदार का भारतीय सिनेमा में योगदान अतुल्य है, और मराठी और हिंदी दोनों अभिनेताओं के रूप में उनकी विरासत कलाकारों की पीढ़ियों को प्रेरित करती रहेगी.

साभार : एबीपी न्यूज

भारत : 1885 से 1950 (इतिहास पर एक दृष्टि) व/या भारत : 1857 से 1957 (इतिहास पर एक दृष्टि) पुस्तक अपने घर/कार्यालय पर मंगाने के लिए आप निम्न लिंक पर क्लिक कर सकते हैं

सारांश कनौजिया की पुस्तकें

ऑडियो बुक : भारत 1885 से 1950 (इतिहास पर एक दृष्टि)

मित्रों,
मातृभूमि समाचार का उद्देश्य मीडिया जगत का ऐसा उपकरण बनाना है, जिसके माध्यम से हम व्यवसायिक मीडिया जगत और पत्रकारिता के सिद्धांतों में समन्वय स्थापित कर सकें। इस उद्देश्य की पूर्ति के लिए हमें आपका सहयोग चाहिए है। कृपया इस हेतु हमें दान देकर सहयोग प्रदान करने की कृपा करें। हमें दान करने के लिए निम्न लिंक पर क्लिक करें -- Click Here


* 1 माह के लिए Rs 1000.00 / 1 वर्ष के लिए Rs 10,000.00

Contact us

Check Also

Main Vaapas Aaunga movie poster starring Diljit Dosanjh and Naseeruddin Shah

“पर्दे में सहज महसूस करना गिरे समाज की निशानी”, बुर्का विवाद पर डायरेक्टर इम्तियाज अली का बड़ा बयान

नई दिल्ली । शनिवार, 20 जून 2026 अपनी फिल्मों में हमेशा रूढ़ियों को तोड़ते मजबूत …