सोमवार, मार्च 30 2026 | 11:48:51 AM
Breaking News
Home / राष्ट्रीय / अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस 2026: ‘गिव टू गेन’ मंत्र से विकसित भारत की निर्माता बन रहीं महिलाएं – डॉ. गीता मल्होत्रा

अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस 2026: ‘गिव टू गेन’ मंत्र से विकसित भारत की निर्माता बन रहीं महिलाएं – डॉ. गीता मल्होत्रा

Follow us on:

अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस 2026 के अवसर पर रीड इंडिया (READ India) की सीईओ डॉ. गीता मल्होत्रा ने महिलाओं की बदलती भूमिका और राष्ट्र निर्माण में उनके योगदान पर एक विशेष संदेश साझा किया है। इस वर्ष की थीम ‘Give to Gain’ (दान से लाभ) पर जोर देते हुए उन्होंने कहा कि महिलाओं में किया गया निवेश आज केवल सामाजिक सुधार नहीं, बल्कि भारत की अर्थव्यवस्था का मुख्य आधार बन चुका है।

लाभार्थी से नेतृत्वकर्ता का सफर

डॉ. मल्होत्रा ने रेखांकित किया कि भारत अब उस दौर से आगे निकल चुका है जहाँ महिलाओं को केवल सरकारी योजनाओं का ‘लाभार्थी’ माना जाता था। उन्होंने कहा, “विकसित भारत के संकल्प में महिलाएं अब विकास की निर्माता और नेतृत्वकर्ता (Leaders) की भूमिका निभा रही हैं। अतीत में जहाँ संघर्ष अधिकारों की पहचान के लिए था, वहीं भविष्य महिलाओं की भागीदारी से संचालित अर्थव्यवस्था का होगा।”

READ India का प्रभाव: 50,000 से अधिक महिलाएं सशक्त

ग्रामीण भारत में जमीनी स्तर पर हुए बदलावों का जिक्र करते हुए लेख में बताया गया कि:

  • पिछले 5 वर्षों में 50,000 से अधिक महिलाओं को विभिन्न कौशल विकास (Skilling) कार्यक्रमों के माध्यम से आत्मनिर्भर बनाया गया है।

  • यह पहल वर्तमान में 500 से अधिक गांवों में सामाजिक और आर्थिक विकास का आधार बन रही है।

  • संस्था का “ONE WOMAN, ONE FAMILY, ONE VILLAGE” मॉडल यह सुनिश्चित कर रहा है कि एक महिला की प्रगति पूरे समुदाय को प्रभावित करे।

आर्थिक स्वतंत्रता के प्रमुख स्तंभ

डॉ. मल्होत्रा ने भविष्य के समृद्ध भारत के लिए तीन महत्वपूर्ण सुझाव दिए हैं:

  1. डिजिटल और वित्तीय साक्षरता: महिलाओं को आधुनिक कार्यबल के लिए तैयार करना।

  2. सरकारी योजनाओं का लाभ: ‘मुद्रा’ और ‘लखपति दीदी’ जैसी योजनाओं के माध्यम से ग्रामीण उद्यमिता को बढ़ावा देना।

  3. सुरक्षित वातावरण: महिलाओं की सुरक्षा और सम्मान को सामाजिक संतुलन की पहली शर्त बनाना।

“विकसित भारत 2047 का सपना केवल बुनियादी ढांचे तक सीमित नहीं है। यह उस 50 प्रतिशत आबादी की क्षमता पर निर्भर करता है, जो अब ड्रोन तकनीक से लेकर कॉर्पोरेट बोर्डरूम तक अपनी धाक जमा रही है।” — डॉ. गीता मल्होत्रा

समाचार का समापन इस आह्वान के साथ किया गया कि महिलाओं को केवल विकास योजनाओं का हिस्सा बनाना पर्याप्त नहीं है, बल्कि उन्हें विकास की योजना का ‘केंद्र’ बनाना होगा। जब एक महिला सशक्त होती है, तो वह एक ऐसी विरासत शुरू करती है जो आने वाली पीढ़ियों को नई दिशा देती है।

मित्रों,
मातृभूमि समाचार का उद्देश्य मीडिया जगत का ऐसा उपकरण बनाना है, जिसके माध्यम से हम व्यवसायिक मीडिया जगत और पत्रकारिता के सिद्धांतों में समन्वय स्थापित कर सकें। इस उद्देश्य की पूर्ति के लिए हमें आपका सहयोग चाहिए है। कृपया इस हेतु हमें दान देकर सहयोग प्रदान करने की कृपा करें। हमें दान करने के लिए निम्न लिंक पर क्लिक करें -- Click Here


* 1 माह के लिए Rs 1000.00 / 1 वर्ष के लिए Rs 10,000.00

Contact us

Check Also

PM Modi CM Meeting: पश्चिम एशिया संकट के बीच पीएम मोदी की मुख्यमंत्रियों के साथ बड़ी बैठक, ‘टीम इंडिया’ को हाई अलर्ट पर रहने के निर्देश

नई दिल्ली | शनिवार, 28 मार्च 2026 प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शुक्रवार शाम देश के …