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पूर्व आईएसआई प्रमुख फैज हामिद के खिलाफ कोर्ट मार्शल के लिए आरोप हुए तय

Saransh Kanaujia
Saransh Kanaujia - Editor
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इस्लामाबाद. पाकिस्तानी खुफिया एजेंसी इंटर-सर्विसेज इंटेलिजेंस (आईएसआई) के पूर्व प्रमुख लेफ्टिनेंट जनरल फैज हामिद की मुश्किलें बढ़ती ही जा रही है। फैज हामिद के खिलाफ कोर्ट मार्शल के अलावा कई तरह की दूसरी जांचें भी की जा रही हैं। वह अगस्त महीने से ही पाकिस्तानी सेना की हिरासत में हैं। फैज हामिद वहीं शख्स हैं, जिन्हें दो साल पहले तक पाकिस्तान के सबसे ताकतवर शख्स के रूप में जाना जाता था। वह पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान के करीबी सैन्य अधिकारी थे। ऐसी भी खबरें थी कि इमरान खान, जनरल कमर जावेद बाजवा के रिटायरमेंट के बाद फैज हामिद को अगला सेना प्रमुख बनाना चाहते थे।

फैज हामिद के खिलाफ औपचारिक आरोप तय

द न्यूज की रिपोर्ट के अनुसार, फैज हामिद पर उनके खिलाफ चल रही फील्ड जनरल कोर्ट मार्शल (एफजीसीएम) कार्यवाही में औपचारिक रूप से आरोप लगाए गए हैं। लेफ्टिनेंट जनरल हामिद पेशावर कोर कमांडर भी रह चुके हैं। उनके खिलाफ 12 अगस्त को पाकिस्तान आर्मी एक्ट के प्रावधानों के तहत एफजीसीएम की प्रक्रिया शुरू की गई थी। हालांकि, कई लोगों का मानना है कि फैज हामिद को इमरान खान का करीबी होने की कीमत चुकानी पड़ रही है। 

पाकिस्तानी सेना ने जारी किया बयान

पाकिस्तानी सेना की प्रॉपगैंडा विंग इंटर-सर्विसेज पब्लिक रिलेशंस (आईएसपीआर) ने मंगलवार को जारी एक संक्षिप्त बयान में कहा, “[…] और सबसे पहले उन पर राजनीतिक गतिविधियों में शामिल होने, राज्य की सुरक्षा और हितों के लिए हानिकारक आधिकारिक गोपनीयता अधिनियम के उल्लंघन, अधिकार और सरकारी संसाधनों का दुरुपयोग और किसी व्यक्ति (व्यक्तियों) को गलत तरीके से नुकसान पहुंचाने के आरोपों में औपचारिक रूप से आरोप लगाए गए हैं।” 

फैज हामिद पर गंभीर आरोप

पाकिस्तानी सेना की मीडिया शाखा ने कहा कि पूर्व आईएसआई चीफ को आंदोलन और अशांति पैदा करने के उद्देश्य से की गई घटनाओं में शामिल पाया गया, जिसके कारण 9 मई, 2023 की अशांति सहित कई घटनाएं हुईं। कथित तौर पर निहित राजनीतिक हितों के साथ मिलीभगत करके अस्थिरता को बढ़ावा देने में उनकी भूमिका की भी अलग से जांच की जा रही है। आईएसपीआर ने कहा, “लेफ्टिनेंट जनरल फैज हामिद को कानून के अनुसार सभी कानूनी अधिकार दिए जा रहे हैं।” 

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सैन्य अदालत सुनाएगी फैसला

जियो न्यूज से बात करते हुए ब्रिगेडियर (सेवानिवृत्त) राशिद वली ने कहा कि फैज हामिद के खिलाफ लगाए गए आरोप गंभीर प्रकृति के हैं। उन्होंने कहा कि पूर्व सैन्य अधिकारी का मुकदमा सैन्य अदालत में चलाया जाएगा, जिसके बाद अदालत अपना फैसला सुनाएगी। उन्होंने कहा कि उसके बाद हामिद अदालत के फैसले के खिलाफ अपील भी दायर कर सकते हैं। 

पाकिस्तानी सेना की हिरासत में फैज हामिद

पूर्व आईएसआई प्रमुख फैज हामिद को इस साल अगस्त की शुरुआत में सत्ता के दुरुपयोग और सेना अधिनियम का उल्लंघन करने के आरोप में सेना ने हिरासत में लिया था। पाकिस्तानी सेना के मीडिया विंग के अनुसार, सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद, पाकिस्तानी सेना ने टॉप सिटी मामले में हामिद के खिलाफ शिकायतों की विस्तृत जांच की थी। इसमें कहा गया है कि इन शिकायतों के आधार पर पूर्व जासूस प्रमुख के खिलाफ कोर्ट मार्शल की प्रक्रिया शुरू की गई थी। पूर्व जनरल के खिलाफ सेवानिवृत्ति के बाद पाकिस्तान सेना अधिनियम के उल्लंघन के कई मामले भी स्थापित किए गए हैं।

साभार : नवभारत टाइम्स

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लेखक वर्ष 2011 से पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं। अब तक वे इतिहास से जुड़ी चार पुस्तकों का लेखन कर चुके हैं—‘भारत : 1857 से 1957 इतिहास पर एक दृष्टि’, ‘भारत : 1885 से 1950 इतिहास पर एक दृष्टि’, ‘गाँधी जी की राजनीतिक यात्रा के कुछ पन्ने’ और ‘1857 का स्वतंत्रता समर – कारण से परिणाम तक’। पत्रकारिता के क्षेत्र में वे विशेष रूप से राजनीति, अर्थव्यवस्था, सामाजिक विषयों और आध्यात्म से जुड़े समाचारों एवं विषयों पर लेखन करते रहे हैं। वर्षों के पत्रकारिता अनुभव और विभिन्न विषयों पर निरंतर लेखन के माध्यम से उन्होंने समसामयिक घटनाओं के साथ-साथ ऐतिहासिक, सामाजिक और आध्यात्मिक विषयों को भी पाठकों तक पहुँचाने का प्रयास किया है।