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मोदी सरकार ने केंद्रीय कर्मचारियों का महंगाई भत्ता 2 प्रतिशत बढ़ाया

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नई दिल्ली. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में केबिनेट ने केंद्र सरकार के कर्मचारियों के लिए महंगाई भत्ते (डीए) में 2 फीसदी की बढ़ोतरी को मंजूरी दे दी है. सरकार ने महंगाई भत्ते में बढ़ोतरी का ऐलान मार्च के महीने में किया है. ऐसे में दो महीने का बकाया भी एक साथ जोड़कर मार्च की सैलरी के साथ दिया जाएगा.

DA बढ़ने से किन्हें होगा फायदा?

केंद्र सरकार के कर्मचारियों को मौजूदा महंगाई दर और उनके मूल वेतन के आधार पर महंगाई भत्ता दिया जाता है, जबकि पेंशन पाने वालों को महंगाई राहत मिलती है. इनका मकसद यही होता है कि कर्मचारियों और पेंशन पाने वालों पर महंगाई का बोझ कम किया जा सके. सरकार महंगाई दर के आधार पर साल में दो बार इसमें बदलाव करती है. महंगाई भत्ते की नई दरें जनवरी से जून छमाही और फिर जुलाई से दिसंबर छमाही के लिए लागू होती है. सरकार द्वारा घोषित महंगाई भत्ते का लाभ केवल सरकारी कर्मचारियों और पब्लिक सेक्टर अंडरटेकिंग्स यानी सरकारी कंपनियों में काम करने वालों को मिलता है. इसमें प्राइवेट सेक्टर में काम करने वाले लोगों को फायदा नहीं मिलता है.

डीए में 2 फीसदी की बढ़ोतरी

सरकार ने इस बार डीए में 2% की बढ़ोतरी की है. इस बढ़ोतरी के बाद सरकारी कर्मचारियों का महंगाई भत्ता 53% से बढ़कर 55% हो गया है. यह बढ़ोतरी ऑल इंडिया कंज्यूमर प्राइस इंडेक्स (CPI) के जुलाई-दिसंबर 2024 के आंकड़ों के आधार पर की गई है.

DA बढ़ने पर कितना हो सकता है फायदा?

अगर किसी कर्मचारी की मूल वेतन 18 हजार रुपए है, तो उसमें 2 प्रतिशत की बढ़ोतरी के बाद उसे हर महीने 360 रुपए अधिक मिलेंगे. इस तरह से सालभर में 4,320 रुपए की अतिरिक्त आय होगी. वहीं अगर किसी पेंशन पाने वाले की मूल पेंशन 9 हजार रुपए है, तो 2 प्रतिशत बढ़ोतरी से उसे हर महीने 180 रुपए अधिक मिलेंगे. यानी साल भर में उनकी पेंशन में 2,160 रुपए का लाभ मिलेगा.

DA क्या है?

महंगाई भत्ता सरकारी कर्मचारियों को दी जाने वाली एक राशि है जो बढ़ती महंगाई के हिसाब से उनके मूल वेतन को समायोजित करने के लिए दी जाती है.मूल वेतन हर 10 साल के बाद वेतन आयोग में तय किया जाता है, लेकिन डीए कर्मचारियों के वेतन में समय -समय पर बढ़ोतरी सुनिश्चित करता है.

साभार : टीवी9 भारतवर्ष

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