सोमवार, जुलाई 27 2026 | 12:59:26 PM
Breaking News
Home / अपराध / सुल्तानपुर में अवैध धर्मांतरण का प्रयास: करौंदीकला के रमशापुर गांव में ‘चंगाई सभा’ पर पुलिस का बड़ा एक्शन, 4 गिरफ्तार

सुल्तानपुर में अवैध धर्मांतरण का प्रयास: करौंदीकला के रमशापुर गांव में ‘चंगाई सभा’ पर पुलिस का बड़ा एक्शन, 4 गिरफ्तार

Follow us on:

सुलतानपुर । सोमवार, 6 जुलाई 2026

उत्तर प्रदेश के सुल्तानपुर जिले से अवैध धर्मांतरण के प्रयास का एक बड़ा मामला सामने आया है। जिले के करौंदीकला थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले रमशापुर गांव में रविवार को पुलिस ने कथित तौर पर प्रलोभन देकर धर्म परिवर्तन कराने के आरोप में चार नामजद अभियुक्तों को गिरफ्तार किया है। गांव में ‘चंगाई सभा’ की आड़ में स्थानीय लोगों को प्रभावित करने की कोशिश की जा रही थी, जिसकी भनक लगते ही ग्रामीणों और हिंदूवादी संगठनों ने इसका कड़ा विरोध किया।

क्या है पूरा मामला?

प्राप्त जानकारी के अनुसार, रमशापुर गांव में एक ‘चंगाई सभा’ का आयोजन किया गया था। आरोप है कि इस सभा में जुटे लगभग 20 स्थानीय ग्रामीणों को अलग-अलग तरह के प्रलोभन और अंधविश्वास के जाल में फंसाकर उनका धर्म परिवर्तन कराने का प्रयास किया जा रहा था। इस सभा को संचालित करने के लिए 6 से 7 लोग बाहरी क्षेत्रों से आए थे।

जैसे ही इस कथित धर्मांतरण कार्यक्रम की भनक स्थानीय ग्रामीणों और विश्व हिंदू परिषद (VHP) के कार्यकर्ताओं को लगी, वे तुरंत भारी संख्या में मौके पर पहुंच गए। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए वीएचपी प्रखंड करौंदीकला के पदाधिकारियों—जिनमें गिरीश उपाध्याय, सर्वेश उर्फ बबलू मिश्रा, प्रशांत आनंद महाराज, अनुराग तिवारी और रामसहाय शामिल थे—ने तत्काल करौंदीकला पुलिस को मामले की लिखित सूचना दी।

पुलिस की त्वरित कार्रवाई और पुराना रिकॉर्ड

शिकायत पत्र मिलने के तुरंत बाद करौंदीकला थाना पुलिस भारी बल के साथ घटनास्थल पर पहुंची। लंभुआ के क्षेत्राधिकारी (CO) ऋतिक कपूर ने मामले की पुष्टि करते हुए बताया कि पुलिस को रमशापुर गांव में धर्म परिवर्तन के कार्यक्रम की खुफिया सूचना मिली थी, जिस पर त्वरित कार्रवाई की गई।

पुलिस की प्रारंभिक जांच में एक और चौंकाने वाला खुलासा हुआ है। सीओ लंभुआ के मुताबिक, गिरफ्तार किए गए आरोपी आदतन इस तरह की गतिविधियों में लिप्त हैं। ये लोग पहले भी सुल्तानपुर और आसपास के अलग-अलग गांवों में इस प्रकार की चंगाई सभाएं आयोजित कर भोले-भाले ग्रामीणों को निशाना बना चुके हैं।

मुकदमा दर्ज, 4 आरोपी सलाखों के पीछे

वीएचपी पदाधिकारियों की लिखित तहरीर के आधार पर पुलिस ने उत्तर प्रदेश विधि विरुद्ध धर्म संपरिवर्तन प्रतिषेध अधिनियम (UP Prohibition of Unlawful Conversion of Religion Act) की सुसंगत धाराओं के तहत मुकदमा दर्ज कर लिया है। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए चार नामजद अभियुक्तों को दबोच लिया है, जिन्हें कानूनी प्रक्रियाओं को पूरा करने के बाद न्यायालय में पेश किया जाएगा। पुलिस अन्य फरार आरोपियों की भी तलाश कर रही है। एहतियात के तौर पर रमशापुर गांव में शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस बल तैनात है और स्थिति पूरी तरह नियंत्रण में है।

उत्तर प्रदेश में क्या है अवैध धर्मांतरण कानून और सजा?

उत्तर प्रदेश में जबरन, डरा-धमकाकर, लालच देकर या सामूहिक रूप से कराए जाने वाले धर्म परिवर्तन को रोकने के लिए सख्त कानून लागू है।

  1. सजा का प्रावधान: इस कानून के तहत सामान्य मामलों में दोषी पाए जाने पर 1 से 5 वर्ष तक की जेल और न्यूनतम 15,000 रुपये के जुर्माने का प्रावधान है।

  2. विशेष श्रेणियों के लिए: यदि मामला नाबालिगों, महिलाओं या अनुसूचित जाति/जनजाति (SC/ST) के व्यक्तियों के धर्मांतरण से जुड़ा हो, तो सजा 3 से 10 वर्ष तक की जेल और 25,000 रुपये जुर्माना हो सकती है।

  3. सामूहिक धर्मांतरण: सामूहिक रूप से अवैध धर्म परिवर्तन कराने के दोषी पाए जाने पर 3 से 10 साल तक की कैद और 50,000 रुपये के जुर्माने की सजा दी जाती है।

इस घटना के बाद से प्रशासन अलर्ट पर है और ग्रामीण इलाकों में बाहरी तत्वों की संदिग्ध गतिविधियों पर कड़ी निगरानी रखी जा रही है।

मित्रों,
मातृभूमि समाचार का उद्देश्य मीडिया जगत का ऐसा उपकरण बनाना है, जिसके माध्यम से हम व्यवसायिक मीडिया जगत और पत्रकारिता के सिद्धांतों में समन्वय स्थापित कर सकें। इस उद्देश्य की पूर्ति के लिए हमें आपका सहयोग चाहिए है। कृपया इस हेतु हमें दान देकर सहयोग प्रदान करने की कृपा करें। हमें दान करने के लिए निम्न लिंक पर क्लिक करें -- Click Here


* 1 माह के लिए Rs 1000.00 / 1 वर्ष के लिए Rs 10,000.00

Contact us

Check Also

जंतर-मंतर प्रदर्शन: दिल्ली पुलिस की प्रेस कॉन्फ्रेंस, पाकिस्तान से फेक नैरेटिव और डीपफेक वीडियो का पर्दाफाश

नई दिल्ली | अपडेटेड : रविवार, 26 जुलाई 2026 नई दिल्ली के ऐतिहासिक जंतर-मंतर पर …