नई दिल्ली. भारत और ब्राजील के बीच रणनीतिक संबंधों में आज एक नया अध्याय जुड़ गया। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और ब्राजील के राष्ट्रपति लुइज इनासियो लुला डा सिल्वा ने नई दिल्ली स्थित हैदराबाद हाउस में उच्च स्तरीय द्विपक्षीय वार्ता की। 18 से 22 फरवरी की अपनी पांच दिवसीय राजकीय यात्रा पर आए राष्ट्रपति लुला का आज सुबह राष्ट्रपति भवन में भव्य औपचारिक स्वागत किया गया।
आर्थिक और तकनीकी साझेदारी पर जोर
वार्ता के दौरान दोनों नेताओं ने द्विपक्षीय व्यापार को नई ऊंचाइयों पर ले जाने के लिए 20 बिलियन डॉलर का महत्वाकांक्षी लक्ष्य निर्धारित किया।
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AI और डिजिटल ढांचा: राष्ट्रपति लुला ने 19-20 फरवरी को दिल्ली में आयोजित ‘AI Impact Summit 2026’ में अपनी भागीदारी का उल्लेख करते हुए भारत के डिजिटल सार्वजनिक बुनियादी ढांचे की सराहना की। दोनों देशों ने भविष्य की तकनीकों पर मिलकर काम करने पर सहमति जताई।
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महत्वपूर्ण खनिज: रक्षा और ऊर्जा सुरक्षा को देखते हुए ‘क्रिटिकल मिनरल्स’ और ‘रेयर अर्थ्स’ (दुर्लभ मृदा तत्व) के क्षेत्र में एक रूपरेखा समझौते (Framework Agreement) पर चर्चा अंतिम चरण में है।
व्यापार और कनेक्टिविटी को बढ़ावा
आर्थिक संबंधों को जमीन पर उतारने के लिए 20 फरवरी को राष्ट्रपति लुला ने दिल्ली में ब्राजीलियाई व्यापार और निवेश संवर्धन एजेंसी (Apex) के पहले कार्यालय का उद्घाटन किया। इसके साथ ही, दोनों देशों के बीच व्यापारिक सुगमता बढ़ाने के लिए 10 साल के मल्टीपल एंट्री वीजा की सुविधा पर भी सकारात्मक चर्चा हुई।
ग्लोबल साउथ की बुलंद आवाज
संयुक्त प्रेस वार्ता में दोनों नेताओं ने वैश्विक मंचों और संयुक्त राष्ट्र (UN) में सुधारों की आवश्यकता पर बल दिया। प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि भारत और ब्राजील केवल द्विपक्षीय साझेदार नहीं हैं, बल्कि वे ‘ग्लोबल साउथ’ की आवाज को वैश्विक स्तर पर मजबूती देने वाले प्रमुख स्तंभ हैं।
“भारत और ब्राजील का सहयोग न केवल हमारे व्यापार के लिए, बल्कि वैश्विक स्थिरता और उभरती प्रौद्योगिकियों के भविष्य के लिए भी अनिवार्य है।” — प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी
अन्य गतिविधियां
वार्ता से पूर्व, राष्ट्रपति लुला ने राजघाट जाकर महात्मा गांधी को पुष्पांजलि अर्पित की। उनकी यह यात्रा रक्षा सहयोग ढांचे और उभरती प्रौद्योगिकियों में साझेदारी को और प्रगाढ़ करने की दिशा में मील का पत्थर मानी जा रही है।
Matribhumisamachar


